सोमवार 26 अक्टूबर 2026 - 06:19
दिन की हदीस | शिया होने की पहचान का मापदंड

हज़रत फ़ातिमा ज़हरा सलामुल्लाह अलैहा ने एक रिवायत में अहले-बैत (अ) से संबंध रखने की पहचान का मापदंड बताया है।

हौज़ा न्यूज़ एजेंसी के अनुसार, निम्नलिखित रिवायत ‘बिहार उल अनवार’ किताब से ली गई है। इस रिवायत का पाठ इस प्रकार हैः

حضرت فاطمه علیهاالسلام:

إِنْ کُنْتَ تَعْمَلُ بِمَا أَمَرْنَاکَ وَتَنْتَهِی عَمَّا زَجَرْنَاکَ عَنْهُ فَأَنْتَ مِنْ شِیعَتِنَا وَإِلَّا فَلَا.

हज़रत फ़ातिमा ज़हरा (स) ने फ़रमाया:

“यदि तुम उन बातों पर अमल करते हो, जिनका हम तुम्हें आदेश देते हैं और उन कामों से दूर रहते हो, जिनसे हम तुम्हें रोकते हैं, तो तुम हमारे शियों में से हो, अन्यथा नहीं।”

बिहार उल अनवार, भाग 68, पेज 155

टैग्स

आपकी टिप्पणी

You are replying to: .
captcha